Goodwill भला चाहना। यह लोगों का भला चाहने का एक अभ्यास है, जो खुद से शुरू होता है। इसमें कुछ सीधे-सादे वाक्य हैं, जिन्हें धीरे-धीरे दोहराया जाता है। उन्हें कहते हुए आपको कुछ महसूस करना ज़रूरी नहीं। शुरू करने से पहले एक बात। आगे एक विकल्प आएगा, किसी ऐसे इंसान के बारे में सोचने का, जो आपको मुश्किल लगता है। अगर वह आज आपके लिए सही नहीं है, तो उसे छोड़ दीजिए। आराम से बैठिए। आंखें बंद, या नरम और नीचे की ओर। दो धीमी सांसें बाहर छोड़िए। खुद से शुरू कीजिए। खुद को मन में लाइए, जैसे आप आज हैं। थके हुए, व्यस्त, फ़िक्रमंद, जो भी सच है। अब ये वाक्य मन ही मन कहिए, धीरे-धीरे। मैं सुरक्षित रहूं। मैं ठीक रहूं। मैं चैन में रहूं। फिर से, अपने वक़्त पर। मैं सुरक्षित रहूं। मैं ठीक रहूं। मैं चैन में रहूं। अगर खुद का भला चाहना अजीब लगे, तो यह आम बात है। चलते रहिए। अगर दूसरे शब्द ज़्यादा सच लगें, तो शब्द बदल लीजिए। अब कोई आसान इंसान। कोई जिससे आपको लगाव है, जिसका भला चाहना आसान है। कोई दोस्त, दादा-दादी या नाना-नानी, कोई बच्चा, कोई पालतू जानवर। उन्हें मन में देखिए। आप सुरक्षित रहें। आप ठीक रहें। आप चैन में रहें। फिर से, धीरे-धीरे, उन्हें मन में रखते हुए। अब कोई ऐसा इंसान, जो न अपना है न पराया। कोई जिसे आप देखते हैं, पर जानते नहीं। दुकान वाला। वॉचमैन। आप उनकी कहानी नहीं जानते, पर उनकी एक कहानी है। आप सुरक्षित रहें। आप ठीक रहें। आप चैन में रहें। एक बार और। अब वह हिस्सा, जो आपकी मर्ज़ी पर है। अगर आप चाहें, तो किसी ऐसे इंसान को मन में लाइए, जो आपको थोड़ा मुश्किल लगता है। आपकी ज़िंदगी का सबसे मुश्किल इंसान नहीं। अगर आप नहीं चाहते, तो उसी न अपने न पराए इंसान के साथ रहिए, या खुद पर वापस आ जाइए। दोनों ठीक हैं। आप सुरक्षित रहें। आप ठीक रहें। आप चैन में रहें। आप यह नहीं कह रहे कि वे सही थे। आप बस एक मिनट के लिए बैर का बोझ नीचे रख रहे हैं। अब दायरा बढ़ाइए। आपके घर के लोग। आपकी गली। आपका शहर। वे लोग, जिनसे आप कभी मिले नहीं। हम सब सुरक्षित रहें। हम सब ठीक रहें। हम सब चैन में रहें। आख़िरी बार खुद पर वापस आइए। मैं सुरक्षित रहूं। मैं ठीक रहूं। मैं चैन में रहूं। ध्यान दीजिए कि शरीर कैसा लग रहा है। थोड़ा गरम, या वैसा ही। दोनों ठीक हैं। मायने यह रखता है कि आपने शब्द कहे, न कि बाद में आप क्या महसूस करते हैं। जब आप तैयार हों, आंखें खोलिए। कमरे को देखिए। फिर अपना दिन आगे बढ़ाइए।